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Dr Mahima Singh

Inspirational

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Dr Mahima Singh

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गुरु महिमा अनन्त

गुरु महिमा अनन्त

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गुरु मंत्र में है वो शक्ति

 हरती हर एक रोग दोष।

 देव भी करते गुरु का अर्चन ,

जीवन होता भागो वाला ।

 जहां वास करें गुरुजन,

 देव भी करते पुष्पों की वर्षा।

 सारे तामसिक दोष गुरु हरते,

कष्ट क्लेश सब दूर भगाते ।

गुरु चरण जहां पड़े ,

वह धरती तीर्थ समान ।

रज उस अवनी की,

 माथे पर लो लगा।

 गुरु के निकट रहो ,

होगा असीम कल्याण ।

चरणो में गुरु के स्वर्ग ,

करते उर के तम को दूर ,

ज्ञान की असंख्य धाराएं ,

प्रस्फुटित गुरु करते।

गुरु ज्ञान गंगा में जिसने 

गोते लगाये ,

जीवन सफल उसका हुआ।

 लौ गुरु के ज्ञान की 

करती प्रकाशित जगत सारा।

 जीवन रथ के सारथी ,

थाम के हाथ लगाते बेड़ा पार ।

करे गुरु आराधन,

 हम तन से, मन से ,धन से,

आओ करें गुरुवर के चरण वंदन।

कर ले निज जीवन चंदन।



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