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Osama Sheikh

Romance

2.0  

Osama Sheikh

Romance

एक मुसाफिर

एक मुसाफिर

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आज फिर से

एक मुसाफिर बन के

निकला हूँ,


फिर से तुझे ही

ढूंढने निकला हूँ,


कहीं भटक ना जाऊँ

रास्ता इसलिए


तेरी यादों को साथ

लेके निकला हूँ।।


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