ओम प्रकाश श्रीवास्तव ओम
Inspirational
जगत मिलत धन
दमकत तन मन।
बिन धन यह मन
विकल रहत है।
निशि दिन पल पल
अति धन हलचल।
विषय पकड़ धन
कुटिल बनत है।
चढ़त अहम जब
मिटत विनय तब।
जग हर नर लख
धन बदलत है।
कहत जगत सब
अति धन विष सम।
सुमति करत कुछ
कटक मिटत है।।
हिंदी ज्ञान भ...
स्वामी विवेका...
धन और मन
हे मेरे कृष्ण...
मेरा कान्हा भ...
देव गजानन आओ
हिंदी भाषा
जै जै मधुसूदन
पंद्रह अगस्त ...
पर्यावरण से ख...
जब से चला हूँ सफ़र पर बस मंज़िल पर नज़र है मैंने कभी मील के पत्थर को नहीं देखा। जब से चला हूँ सफ़र पर बस मंज़िल पर नज़र है मैंने कभी मील के पत्थर को नहीं...
दो अपने बच्चों को एक सुन्दर हरा भरा स्वच्छ वातावरण। दो अपने बच्चों को एक सुन्दर हरा भरा स्वच्छ वातावरण।
मत्स्यंगना शायद है इसलिए, संतुलित मिश्रण नारी व मत्स्य का।। मत्स्यंगना शायद है इसलिए, संतुलित मिश्रण नारी व मत्स्य का।।
माँ कि ममता से मत कर संग्राम हाथ दो चार मिट जाएगी तेरी हस्ती बन जायेगा परिहास।। माँ कि ममता से मत कर संग्राम हाथ दो चार मिट जाएगी तेरी हस्ती बन जायेगा परिहा...
देश के वीरों की आत्मा जहां होगी, वहाँ केवल सुकून और शांति होगी ! देश के वीरों की आत्मा जहां होगी, वहाँ केवल सुकून और शांति होगी !
कहीं पर खाना नहीं ख्वाहिश कहीं पर 'मीरा'पेट खाली है।। कहीं पर खाना नहीं ख्वाहिश कहीं पर 'मीरा'पेट खाली है।।
प्रेम अर्थात् स्नेह, लगन,प्यार... जान जाओ तो प्रेम एक प्यारी सी परिभाषा है। प्रेम अर्थात् स्नेह, लगन,प्यार... जान जाओ तो प्रेम एक प्यारी सी परिभाषा है।
कोशिशें एक दिन दुनिया बदल देगी। कोशिशें एक दिन दुनिया बदल देगी।
सोचो ज़रा इस पर करो गहरा चिंतन यूं जाया न हो अन्न का एक भी कण। सोचो ज़रा इस पर करो गहरा चिंतन यूं जाया न हो अन्न का एक भी कण।
मेरा दिल टूटे शीशे सा लगता है, खून डूबेगा और आखिरी से गिरेगा। मेरा दिल टूटे शीशे सा लगता है, खून डूबेगा और आखिरी से गिरेगा।
जीवन एक राह है.. मन एक मोह माया है! जीवन एक राह है.. मन एक मोह माया है!
हूँ मैं अपने आपसी ही, अपना इक अलग व्यक्तित्व लिऐ। हूँ मैं अपने आपसी ही, अपना इक अलग व्यक्तित्व लिऐ।
धैर्य से डोर बंधे ज़िन्दगी की और संतुलन युक्त हमारा व्यवहार हो..। धैर्य से डोर बंधे ज़िन्दगी की और संतुलन युक्त हमारा व्यवहार हो..।
मेहनत से अपनी यह औरों को जीवन देते हैं, सीखो इनसे निःस्वार्थ जीवन किसे कहतें हैं। मेहनत से अपनी यह औरों को जीवन देते हैं, सीखो इनसे निःस्वार्थ जीवन किसे कहतें ...
उत्तर भी मेरे अन्तस् से आता हुआ कि मेरी माँ कभी नहीं मरेगी..! उत्तर भी मेरे अन्तस् से आता हुआ कि मेरी माँ कभी नहीं मरेगी..!
कभी सवाल करो ख़ुद से। सफ़ाई या सजावट? क्या तुम्हें ज़रूरी है? कभी सवाल करो ख़ुद से। सफ़ाई या सजावट? क्या तुम्हें ज़रूरी है?
मत बदल इज्जत ईमान अपना बस दूनिया संग रंग बदलता चल। मत बदल इज्जत ईमान अपना बस दूनिया संग रंग बदलता चल।
पग पग पर अवरोध है जीवन का ये भोग। जीवन यापन तो सदा,कर्मों का है योग।। पग पग पर अवरोध है जीवन का ये भोग। जीवन यापन तो सदा,कर्मों का है योग।।
तभी तो जीवन की किताब में, नए पन्नें जुड़ेंगे।। तभी तो जीवन की किताब में, नए पन्नें जुड़ेंगे।।
कोई रेस नहीं पर पसंद है घुड़सवारी, मानो दिल को है अलग सुकून मिलता। कोई रेस नहीं पर पसंद है घुड़सवारी, मानो दिल को है अलग सुकून मिलता।