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Izhar Sheikh

Tragedy

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Izhar Sheikh

Tragedy

आज के युवा

आज के युवा

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कोई टोपी तो कोई अपनी पगड़ी बेच देता है

मिले अगर भाव अच्छा, जज भी कुर्सी बेच देता है, 

जला दी जाती है ससुराल में अक्सर वही बेटी

जिस बेटी की ख़ातिर बाप किडनी बेच देता है, 

कोई मासूम लड़की प्यार में क़ुर्बान है

जिस पर बनाकर वीडियो उसका

वो प्रेमी बेच देता है


ये कलयुग है,

कोई भी चीज़ नामुमकिन नहीं इसमें

कली फल फूल, पेड़ पौधे सब माली बेच देता है,

किसी ने प्यार में दिल हारा तो क्यूँ हैरत है लोगों को

युद्धिष्ठिर तो जुए में अपनी पत्नी बेच देता है….


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