Quotes New

Audio

Forum

Read

Contests


Write

Sign in
Wohoo!,
Dear user,
आओ कभी बैठो ज़रा  बातें करेंगे
आओ कभी बैठो ज़रा बातें करेंगे
★★★★★

© आदित्य श्रीवास्तव

Fantasy Romance

1 Minutes   21.0K    27


Content Ranking

आओ कभी बैठो ज़रा

बातें करेंगे

मैं ही गलत था

तेरी ज़ुबानी फिर से सुनेंगे

आओ कभी बैठो ज़रा बातें करेंगे ।


मेरा बचपन और तेरी शोखियाँ

उँगलियाँ पकड़े वक़्त के दरिया में बह चले हैं कहीं

शायद कहीं मिल जाएँ

फिर उन्हें खोजा करेंगे

आओ कभी बैठो ज़रा बातें करेंगे ।


आँखों में गहरे काजल का

काला जादू जगाते थे तुम कभी

पुतलियाँ हिरन हुआ करती थी

काले दायरों के दरम्यान

उन हिरनों को फिर से देखेंगे

आओ कभी बैठो ज़रा बातें करेंगे ।


दूर साहिल हो कहीं ओर

शाम फिर भी हो करीब

तुम हो, मैं हूँ, कश्ती हो

पतवार भी फैंका करेंगे

सरे दरिया कभी ऐसा करेंगे

आओ कभी बैठो ज़रा बातें करेंगे ।


कोई जगह कोई दहर हो जहाँ

वक़्त न पंहुचा हो अभी भी

बेवक़्त पहुँचेंगे वहाँ

और बैठे रहेंगे

सोचा करेंगे, सुनते रहेंगे, बोला करेंगे

आओ कभी बैठो ज़रा बातें करेंगे ।।

मुलाकात बातें वक्त

Rate the content


Originality
Flow
Language
Cover design

Comments

Post

Some text some message..