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Muskan Kotwal

Abstract

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Muskan Kotwal

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शांति ही जीवन है

शांति ही जीवन है

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जिंदगी में उन्नति का स्त्रोत शांति,

प्रेम से जीवन जीने का स्त्रोत शांति।


शांति से बढ़कर ना कोई है आभूषण,

पाने के लिए करो सब्र मन ही मन।


आज के युग में कहां है शांति,

चीखते - चिल्लाते हैं करते हैं क्रांति।


लोगों में है क्रोध भरा, है वह जोश से परिपूर्ण,

क्यों ना लाएं इस धरा पर शांति संपूर्ण।


क्रोध जीवन जीने का उपाय नहीं,

शांति के कुछ सिवाय नहीं।


शांति था गांधी बापू का भी हथियार,

आपनाया इसे न किया कभी कोई वार।


शांति जीवन जीने का एक ही तरीका,

इसे बनाओ अपने जीवन का कायदा या सलीका।


चलो शांति की राह पर चलकर सबको अपना बनाएं,

और इस महान राष्ट्र के लिए नए सपने सजाएं।


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