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DAYANAND SABAR

Abstract Romance Tragedy

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DAYANAND SABAR

Abstract Romance Tragedy

मुमकिन नही है तेरे बिना

मुमकिन नही है तेरे बिना

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मुमकिन नहीं है तेरे बिना

एक पल भी जीना

आँख की आँसू छुपती नही

दिल मे दर्द होता है तेरे बिना

तड़प रहा हूँ तेरे बगैर 

लिख रहा हूँ रो रो के गाना...


मुझको छोड़ कर कभी भी तुम

मुझसे दूर नही जाना

वादा किया था वो वादा 

कभी भी ना तोड़ना

तड़प रहा हूँ तेरे बगेर 

लिख रहा हूँ रो रो के गाना...


साथ जीने मरने की कसमें

कभी भी ना भूलना

जहाँ कही भी हो तुम

मेरे लिए जरूर चले आना

तड़प रहा हूँ तेरे बगेर 

लिख रहा हूँ रो रो के गाना।


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