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Ankit Pathak

Classics

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Ankit Pathak

Classics

माँ

माँ

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आँचल में जिसके हमने बचपन बिताया है, 

देवी है वो तो जिसको हमने माँ बताया है। 


पैरों में जिसके रब ने भी जन्नत बताई है, 

इतनी प्यारी भोली भाली सब की माई है। 

सबसे ज्यादा जिसका तुमने प्यार पाया है , 

देवी है वो तो जिसको हमने माँ बताया है। 


बेटा हो, या बेटी हो, उसे दोनों ही कान्हा हैं

हर माँ यशोदा माँ है, ये तो सबने जाना है

भगवान ने भी जिसको खुद से श्रेष्ठ पाया है

देवी है वो तो जिसको हमने माँ बताया है।


बोलना, चलना हमें हँसना सिखाया है

पहला शब्द सब के मुंह से माँ ही आया है

लोरी सुनाई है कभी, कभी गीत गाया है

देवी है वो तो जिसको हमने माँ बताया है।


गलतियों पे जिसने मेरी की पिटाई है

देखा है मैंने उसको वो भी खूब रोई है

रास्ता उसने मुझे सच्चा दिखाया है

देवी है वो तो जिसको हमने माँ बताया है।


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