STORYMIRROR

Vijay Kumar parashar "साखी"

Inspirational

3  

Vijay Kumar parashar "साखी"

Inspirational

कृपा हनुमानजी की

कृपा हनुमानजी की

1 min
293


कृपा जिस पर हनुमानजी की हो

उसके फिर तो जग-बंधन टूटे हो

मत बहा साखी तू कोई आँसू,

नही यहां बालाजी सा कोई धांसू

जप सिर्फ़ हनुमानजी का नाम,

इससे बनते सब ही बिगड़े काम

जो शरण मे मेरे बालाजी की हो,

उसकी तो दुनिया जन्नत सी हो

कोई बला पल में टल जाती है,

जैसे हनुमानजी की याद आती है

हनुमानजी की कृपा से पत्थर,

एकपल में मोम से पिघलते हो

इनकी दया से ये भवसागर,

एकपल में अनायास पार हो

आपका साथ बालाजी ऐसा हो

सांस निकले तेरा नाम लबों पे हो

में जग भूलूँ,तुझे क़भी न भूलो,

ऐसी कृपा प्रभु इस साखी पे हो!


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Inspirational