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Shilpa Sekhar

Inspirational

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Shilpa Sekhar

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खतरा प्लास्टिक का

खतरा प्लास्टिक का

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जहां भी इन्सान कदम है रखता,

वहां पे उसको प्लास्टिक है दिखता,

लगेगा उसको जोर का झटका,

जिस दिन समझेगा वो खतरा प्लास्टिक का।


चाहे वो जाए सब्जियां लाने, 

या जाए वो शोपिंग मॉल में घूमने,

ज्यादातर उसको जो भी दिखता,

या तो प्लास्टिक का बना या उसमें है बिकता।


प्लास्टिक नहीं कभी मिट्टी में मिलता,

ना ही वो कभी पानी में गलता,

आग लगाने पे भी ना वो पूरा जलता,

और तो और वो प्रदूषण फैलाता।


पशु पक्षियों को भी इससे हानी,

हो रहा गंदा जमीन और पानी,

बस भी करो अपनी मनमानी,

बंद करो प्लास्टिक की मोहताजी।


देश में प्रदूषण है हर पल बढ़ रहा,

इन्सान फिर भी ना कुछ समझ रहा,

समय रहते मिला है हमको मौका,

आओ टाले ये खतरा प्लास्टिक का।


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