हिन्दी हमारी शान है
हिन्दी हमारी शान है
हिंद देश के वासी हम,
हिंदी हमारी शान है,
हैं भाषाएँ अनेकों मगर,
हिंदी हमारी जान है,
क्यों भूल रहे इसे अब हम,
ये तो हमारी पहचान है,
बीते साल 75 आजादी के,
क्यों हिंदी नहीं अब तक,
बन पाई हमारी राष्ट्रभाषा है,
होते सारे काज राष्ट्र के,
हिंदी और अंग्रेजी में,
फिर भी हिंदी अब तक,
क्यों मजबूरी की मोहताज है,
सुबक रही कोने में हिंदी,
क्यों मिला नहीं अब तक,
उचित सम्मान है,
"हिंदी हैं हम वतन है
हिंदुस्तान हमारा"
क्यों लफ्जों में ही सिमट गई है,
उठो जागो निंद्रा तोड़ो ,
हिंदी की जंजीर को तोड़ो,
गर्व से बोलो हिन्दी में,
ये हिंदुस्तान की आवाज है।।
