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अवनीश त्रिपाठी

Inspirational

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अवनीश त्रिपाठी

Inspirational

बिकने को तैयार नहीं हूँ

बिकने को तैयार नहीं हूँ

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आर खड़ा हूँ, पार नहीं हूँ

बिकने को तैयार नहीं हूँ।


शाखों पर ठहरा हूँ लेकिन

सूखा हूँ गुलज़ार नहीं हूँ।


हर झगड़े में शामिल हूँ पर

मैं कोई हथियार नहीं हूँ।


आसमान को छूने की बस

कोशिश हूँ मीनार नहीं हूँ।


जान रहा हूँ सब कुछ लेकिन

दुनिया का व्यापार नहीं हूँ।


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