आत्म सम्मान
आत्म सम्मान
आत्म सम्मान का महत्व।
देखो देखो ये क्या हुआ,
सुनो सुनो ये क्यु हुआ,
हसी खुशी से झूम रहे थे,
सब खुश हो रहें थे,
किसी को अपने परिवार की,
चिंता तो किसी को अपने जीवन साथी को मिलने की
चाहत,
सभी खुश हो कर एक हवाई जहाज में बैठे,
बैठे सपने देखने लगे और मंद ही मंद मुस्कुरा ने लगे,
कुछ ही समय में उड़ान भरी,
सभी ने लंबी लंबी सांसे भरी,
पर किस्को पता था क्या होगा,
अब अगले ही पल समय बदल,
गया जब,
कोक पिट में बेठे दो इंसान,
बातें करते करते हसते रहे,
एक का नाम था स्मिथ मच्छर,
और दुसरे का नाम था हमाम हमामी,
कुछ ही मिनटों में दोनों के बीच,
हुई जम कर लडाई,
लहुलुहान था स्मिथ मच्छर,
फिर भी उसने अपने आत्म सम्मान के खातिर जम कर,
करी लड़ाई,
पीछे बेठे अनेक यात्री ओ की ,
जान बचाई,
जैसे तेसे करके कोक पिट का
दरवाजा खोला,
प्लेन को पुरी तरह सुरक्षित
उतारा,
एक ही सोच ने उसकी हिम्मत,
बनाली,
आत्म सम्मान ने उसकी हिम्मत
बठाली,
आज हर घर में एक ही चर्चे हैं,
स्मिथ मच्छर आज के हीरों से।
यदि हमारे पास, आत्म सम्मान, आत्म विश्वास,ना हो तो हम जीवन में कभी आगे नहीं बढ़ सकते।
