STORYMIRROR

Kirti Patel

Abstract

4  

Kirti Patel

Abstract

ये वक्त भी गुजर जायेगा Covid19

ये वक्त भी गुजर जायेगा Covid19

2 mins
2.4K

ये वक्त भी गुजर जायेगा,ये वक्त है साहब बस यू ही आगे बढ़ता चला जायेगा।

 

बस थम लो अपने कदम थोड़े दिन घरो में, नयी घोषणाओं की किरण क साथ एक नया सूरज फिर लौट कर आएगा।।

 

जी लो ये लम्हे अपने परिवार क साथ, नए भारत में नयी रौशनी आने क बाद यू घर पे कोई न बिठायेगा।

 

लग जाएगी फिर से वही दौड़,और ये वक्त तो बस यू ही गुजरता चला जायेगा।।

 

नाप लेने दो ऊंचाइया इन परिंदो को भी खुले आसमान में , इनकी च चहाट से फिर फूलो को खिलने दो ।।

डुबकिया लगा देने दो उन मासूम जानो को भी पानी की गहराइयों में, उन्हें भी अपने ढंग से ये वक्त जी लेने दो।।

जो शायद भूल गए थे जीना इस दौड़ते वक्त और भागते लोगो की भीड़ में, उन्हें भी इस बक्त क कुछ दिन देदो।।

 

क्यूंकि ये वक्त है साहब,किसी क रोकने से नहीं रूक पायेगा।।

बस ये तो यू ही आगे बढ़ता चला जायेगा ।। बढ़ता चला जायेगा।।

 

इस वक्त में कुछ दुयाये कर लो कुछ प्रार्थनाएं कर लो।।

उनके लिए जिन पे ये दुखो की बिजली बरसी है।।।

उनके लिए जो लगे हुए है परिवार को छोड़ कर सेवा में अपनी।।

उनके लिए भी जो अब तक समज नहीं पा रहे इस वक्त की कीमत को और लांग रहे है घर की दहलीजों को।।

 

इस वक्त में कुछ हो सके तो उनकी भी मदद कर लेना जो आपकी नजर में हो और इस हालत में भूखे हो

 

क्यूंकि ये वक्त है साहब ।।किसी क रोकने से नहीं रुक पायेगा।।।

बस ये तो यू ही आगे बढ़ता चला जायेगा ,बढ़ता चला जायेगा।।

 



विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Abstract