STORYMIRROR

Sara Garg

Inspirational

5.0  

Sara Garg

Inspirational

ऊॅ नमः शिवाय।

ऊॅ नमः शिवाय।

1 min
1K


न मैं पूजा-अर्चना जानूँ,

न मैं कोई नियम जानूँ,

सुबह शाम सिर्फ मैं गाऊँ,

ऊॅ नमः शिवाय,

ऊॅ नमः शिवाय।


सुबह ऊंठू तो तुझे मैं सोचूं,

शाम को सोऊॅ तो तुझे मैं सोचूं,

सुबह शाम सिर्फ मैं गाऊँ,

ऊॅ नमः शिवाय,

ऊॅ नमः शिवाय।


अभ्यंकर शंकर अविनाशी ,

मुझ पे करतो कृपा जरासी,

सुबह शाम सिर्फ मैं गाऊँ,

ऊॅ नमः शिवाय,

ऊॅ नमः शिवाय।


आपके सिवा मेरे प्राणों को

और कोई न भाये,

सुबह शाम सिर्फ मैं गाऊँ,

ऊॅ नमः शिवाय,

ऊॅ नमः शिवाय।


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन

Similar hindi poem from Inspirational