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Dr. Akansha Rupa chachra

Inspirational

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Dr. Akansha Rupa chachra

Inspirational

रूढियो का बंधन

रूढियो का बंधन

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जागो अब तो सारे लोगों,उजियारा वर लो। 

रूढ़िवादिता दूर करो अब,तिमिर सकल हर लो।। 


नए सोच को धारण कर लो,मन को अब मोड़ो।

अंधी बातें,विश्वासों की,जंज़ीरें तोड़ो।। 

रुग्ण सोच से कुछ ना होगा,अच्छे को भर लो। 

रूढ़िवादिता दूर करो अब,तिमिर सकल हर लो।। 


जाति,धर्म के बंधन तोड़ो,जागो सब जागो। 

नए सोच से नया सवेरा,सच से न भागो।। 

सभी कुरीति तज दो अब तो,पावनता भीतर लो।

रूढ़िवादिता दूर करो अब,तिमिर सकल हर लो।। 


पतन बहुत होता आया है,अब बढ़ना होगा। 

रूढ़ि हर अभिशाप बनी है,अब लड़ना होगा।। 

कर्मकांड,पाखंड सभी जो,तजकर सुख भर लो।

रूढ़िवादिता दूर करो अब,तिमिर सकल हर लो।। 


थोथी बातें,परंपराएँ, सबको दूर हटाओ। 

झांसे बहुत मिले हैं हमको,अब धोखा न खाओ। 

दूषित है परिवेश आज तो,उड़ने को पर लो। 

रूढ़िवादिता दूर करो अब,तिमिर सकल हर लो।। 

     



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