Rajat Patel
Comedy
तेरी मोहब्बत को भी कोराना हो गया लगता है,
कम नहीं दिन ओ दिन बढ़ती ही जा रही है।
मोहब्बत और जि...
तुझे बना कर औ...
कैसे प्रेम प्...
हमारी वजह से ...
एक ही ख्वाहिश
ख्वाबों में त...
इश्क़ और मौत
इश्क़ का खेल
स्वस्थ रहकर हम दवा का खर्च नहीं बचाएंगे डाक्टरों के पेट पर लात मारने का काम भला हम कै स्वस्थ रहकर हम दवा का खर्च नहीं बचाएंगे डाक्टरों के पेट पर लात मारने का काम ...
हर दिन हमारी आँखों के सामने, हमारे आसपास इंसानियत का कत्ल होता है और हम कुछ करना तो दूर कुछ कहते भी ... हर दिन हमारी आँखों के सामने, हमारे आसपास इंसानियत का कत्ल होता है और हम कुछ करना...
वो मेहनत के दिन वो मीठी झिड़कियों के दिन हर किसी को याद आते हैं वो पुराने दिन। वो मेहनत के दिन वो मीठी झिड़कियों के दिन हर किसी को याद आते हैं वो पुराने दिन...
आज सुबह सुबह दो बहनों में लड़ाई हो गई कॉलोनी के बीच चौराहे पर हाथापाई हो गई। आज सुबह सुबह दो बहनों में लड़ाई हो गई कॉलोनी के बीच चौराहे पर हाथापाई हो गई।
प्रबंध और उसकी इच्छा तो जरूर पूरी करुंगा। प्रबंध और उसकी इच्छा तो जरूर पूरी करुंगा।
अभी पूजा पाठ उठकर बाहर आया तो सामने यमराज को कुर्सी पर बैठा पाया। अभी पूजा पाठ उठकर बाहर आया तो सामने यमराज को कुर्सी पर बैठा पाया।
बेशक मुझमें बदबू है, पर जो भी अपनाया उसे ये जिस्म भाया है बेशक मुझमें बदबू है, पर जो भी अपनाया उसे ये जिस्म भाया है
जनवासे में शोर मच गया दूल्हे के दूर का फूफा रूठ गया। जनवासे में शोर मच गया दूल्हे के दूर का फूफा रूठ गया।
बस काम ही काम, तनिक न आराम न अवकाश न चिकित्सा सुविधा या कोई भत्ता। बस काम ही काम, तनिक न आराम न अवकाश न चिकित्सा सुविधा या कोई भत्ता।
चाहते हो शान्ति सुख व निरोग काया योग सभी को कर बांए। चाहते हो शान्ति सुख व निरोग काया योग सभी को कर बांए।
अब आप ही बताइए इसमें मेरा क्या है दोष। अब आप ही बताइए इसमें मेरा क्या है दोष।
हुआ ऐसा 4,5 मकान छोड़ के सामने वाले घर में मैंने देखा किसी को लंबे बाल आगे लेकर पोंछते हुआ ऐसा 4,5 मकान छोड़ के सामने वाले घर में मैंने देखा किसी को लंबे बाल आगे लेकर ...
अभी अभी पाकिस्तानी प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ का फोन मेरे पास आया। अभी अभी पाकिस्तानी प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ का फोन मेरे पास आया।
द्वार खड़ी माँ अब आरती उतारती, वीर बढ़ो माँ अब नित हैं पुकारती। द्वार खड़ी माँ अब आरती उतारती, वीर बढ़ो माँ अब नित हैं पुकारती।
आज के जमाने में हम धरती माता पर बोझ बने आओ चलो मिलकर हम सब कूल बने आज के जमाने में हम धरती माता पर बोझ बने आओ चलो मिलकर हम सब कूल बने
हाइकु और दोहा, राह में टकरा गए, एक दूजे को घूरा। हाइकु और दोहा, राह में टकरा गए, एक दूजे को घूरा।
जिसे भूल से भी आप याद करना नहीं चाहते वह मेरी याद से कभी दूर नहीं होता है। जिसे भूल से भी आप याद करना नहीं चाहते वह मेरी याद से कभी दूर नहीं होता है।
प्यार से समझाने की बहुत कोशिश की रह-रहकर, मगर सब बेकार, बस बैठी थी वह एक ही रट लगाकर प्यार से समझाने की बहुत कोशिश की रह-रहकर, मगर सब बेकार, बस बैठी थी वह एक ही र...
साँच को आंच नहीं आती, और झूठ के पांव नहीं होते। साँच को आंच नहीं आती, और झूठ के पांव नहीं होते।