मैं कल रहूं या ना रहूं
मैं कल रहूं या ना रहूं
मैं कल रहूं या ना रहूं,
तेरे खुश रहेने की वजह जरूर होगी,
मुझे याद करते ही तेरे आंखो में आंसू और
चहेरे पर मुस्कुराहट जरूर होगी।
मैं कल रहूं या ना रहूं,
तुझमें मेरा कुछ हिस्सा जरूर होगा,
तेरी बातों में मेरा जिक्र और
तेरी रातों में मेरा एक ख्वाब जरूर होंगा।
मैं कल रहूं या ना रहूं,
तेरे लिए लिखी मेरी कविता
तेरे साथ जरूर होगी,
मरने के बाद भी मेरे दिल में
तेरी चाहत जरूर होगी।
मैं कल रहूं या ना रहूं,
तेरी यादों में मेरा बसेरा जरूर होगा,
आज नहीं है तो क्या हुआ मरने के बाद ही सही
तेरे दिल में मेरी मोहब्बत का
एक छोटा सा गुलाब जरूर होगा,
मैं कल रहूं या ना रहूं,
मैं कल रहूं या ना रहूं।
