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नासा ( NaSa ) येवतीकर

Abstract

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नासा ( NaSa ) येवतीकर

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कोरोना से ना हारे

कोरोना से ना हारे

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हमने कब उसे अपने घर बुलाया है ? 

फिर भी वह चलकर अपने घर आया है

सबको अलग रहने का संदेशा लाया है

कोरोनाने हम सबको बहुत रुलाया है


ना जाने ये कौनसी ऐसी बिमारी है

सब रोगो को पड रही भारी है

ना किसींको नजदीक आने देती है

ना किसीं को चैन से सोने देती है


अब कोई लापरवाही हम नहीं करेंगे

सभी नियमों का पालन हम सब करेंगे

चलो मिलजुलकर हम सब आगे बढते है

कोरोना से ना हार मानकर उसे मिटाते है।


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