anuradha nazeer
Abstract
कुछ लोग हमेशा हंसते रहते हैं।
कुछ लोग हमेशा हंसाते रहते हैं।
लेकिन क्यों हंसते! क्यों हंसाते।
कोई नहीं जानते।
सिर्फ मां जानती।
इन सब की गवाही है।
क्योंकि कल जो जिएंगे हम नहीं जानते।
वह उम्मीद होगी न किसी को!
कोई
इन चीजों को र...
ज़िन्दगी का क...
प्यार दो
मूल्यवान
जीत
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सफलता
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समय रहते जाग जाओ छोड़ो यूं ही सजना संवरना मोम की गुड़िया बनना समय रहते जाग जाओ छोड़ो यूं ही सजना संवरना मोम की गुड़िया बनना
यही है मीत मेरे और यही तो है... मेरा परिवार... यही है मीत मेरे और यही तो है... मेरा परिवार...
बेसबब ही सही... तू आके मिल... बेअदब-ही-सही... तू आके मिल ॥ बेसबब ही सही... तू आके मिल... बेअदब-ही-सही... तू आके मिल ॥
खुशहाली हमारी चाहता रुठा कभी दोस्त तो उनको मनाता। दोस्त ऐसा होता है। खुशहाली हमारी चाहता रुठा कभी दोस्त तो उनको मनाता। दोस्त ऐसा होता है।
कुछ ऐसे भी थे हर बार निभानेवाले दोस्त, जाने अनजाने में कितने दोस्त बने... कुछ ऐसे भी थे हर बार निभानेवाले दोस्त, जाने अनजाने में कितने दोस्त बने...
मौन होकर सुन लूँ तुमको क्या सब अच्छा हो जायेगा। मौन होकर सुन लूँ तुमको क्या सब अच्छा हो जायेगा।
तुम्हारे पुण्य और पाप की जप ले जितना हो सके राम का नाम अब दुख किस बात की। तुम्हारे पुण्य और पाप की जप ले जितना हो सके राम का नाम अब दुख किस बात की।
साथ अगर हो अपनों का तो होगा खुशियों का अम्बार। साथ अगर हो अपनों का तो होगा खुशियों का अम्बार।
कुछ तो हमें मौसम रास नहीं आते थे कुछ बारिशों की अपनी सियासत भी बहुत थी। कुछ तो हमें मौसम रास नहीं आते थे कुछ बारिशों की अपनी सियासत भी बहुत थी।
किसी की दुर्बलता का आधार, लेकिन सबकी पहली आवश्यकता है परिवार। किसी की दुर्बलता का आधार, लेकिन सबकी पहली आवश्यकता है परिवार।
शिकवे शिकायत का गुजरेगा दौर चलो दोस्त साथ ढूंढें ज़िन्दगी के माने। शिकवे शिकायत का गुजरेगा दौर चलो दोस्त साथ ढूंढें ज़िन्दगी के माने।
परिवार एकजुट रहे सब सलामत सर्वश्रेष्ठ परिवार नंदू कुटुंब मन्नत। परिवार एकजुट रहे सब सलामत सर्वश्रेष्ठ परिवार नंदू कुटुंब मन्नत।
आशीर्वाद मां बाप का और साथ गुरु का जो रहा। आशीर्वाद मां बाप का और साथ गुरु का जो रहा।
मेरा रूप है तू दूसरा मेरी जिंदगी की डोर है मेरा रूप है तू दूसरा मेरी जिंदगी की डोर है
ना तू अव्वल ना तू आख़िर अंकित तू है कौन ? ना तू अव्वल ना तू आख़िर अंकित तू है कौन ?
तीरंदाज कई होते हैं , अर्जुन एक ही होता है। तीरंदाज कई होते हैं , अर्जुन एक ही होता है।
पूरा संसार ही ऐसा ही विचार है, यही जीवन का सार है, संस्कार ही तो है। पूरा संसार ही ऐसा ही विचार है, यही जीवन का सार है, संस्कार ही तो है।
सबका है अपना-अपना एक नजरिया, लेकिन फिर भी कुछ अलग ही है हमारी यारियां... सबका है अपना-अपना एक नजरिया, लेकिन फिर भी कुछ अलग ही है हमारी यारियां...
देखो किस्मत बाबाओं ने धूनी छोड़ी सांग भर रहे जनता की मति भरमाई। देखो किस्मत बाबाओं ने धूनी छोड़ी सांग भर रहे जनता की मति भरमाई।
कईं रिश्तों से मिलक़र परिवार ब़नता हैं एक़ परिवार सुखीं जीवन क़ा आधार हैं। कईं रिश्तों से मिलक़र परिवार ब़नता हैं एक़ परिवार सुखीं जीवन क़ा आधार हैं।