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Gursewak Singh Ghumman

Abstract

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Gursewak Singh Ghumman

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इल्तिज़ा

इल्तिज़ा

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बस इतनी सी इल्तिज़ा है ऊपर वाले से 

ऐ मालिक, ऐ अल्लाह, ऐ खुदा 

ना कभी किया ना कभी किया किसीका बुरा

खुशी में तूने साथ दिया, दुख में भी देना सदा


ना कभी कहा, ना कभी कहूंगा किसीसे 

बस इतनी सी इल्तिज़ा है ऊपर वाले से 

तेरी रहमत है सब पर, मुझ पर भी रखना 

तुझे हर वक़्त रखूं याद इतनी शिद्दत मुझ में रखना


एक तू ही मेरा सहारा है इस दुनिया में 

एक बार आज़मा कर देख लिया, अब ना आज़माना किसीसे 

बस इतनी सी इल्तिज़ा है ऊपर वाले से 

तेरी इबादत में झुकते है सबके सर 


तू शाहों का शाह, बादशाह, है सबका हमसफ़र 

तू रखना नज़र इस गरीब पर, जो दिल लगा बैठा था किसीसे 

बस इतनी सी इल्तिज़ा है ऊपर वाले से 

बस इतनी सी इल्तिज़ा है ऊपर वाले से


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