STORYMIRROR

Sudhir Srivastava

Abstract

4  

Sudhir Srivastava

Abstract

हाइकु-शिक्षा

हाइकु-शिक्षा

1 min
261

आज की शिक्षा

औपचारिक बनी

संस्कार नहीं।


आधुनिकता

हावी होती जा रही 

ये कैसी शिक्षा।


संस्कार बिन

व्यर्थ हो रही शिक्षा

खतरनाक।


शिक्षा समृद्धि

 तभी बात बनेगी

जरूरत है।


रोजगार भी

जब दे सके शिक्षा

तभी औचित्य।


शिक्षा संयम

संस्कार, रोजगार

तब सफल।


नैतिक शिक्षा

आज की जरूरत

सबको मिले।


ये कैसी शिक्षा

कभी काम न आये

बेमतलब।


Rate this content
Log in

Similar hindi poem from Abstract