बाल दिवस
बाल दिवस
पुत्र : पापा आज स्कूल में छुट्टी क्यों है ?
पिता : बेटा आज १४ नवम्बर है,आज चिल्ड्रेंस डे है।
पुत्र : ये चिल्ड्रेंस डे क्या होता है ?
पिता : आज चाचा नेहरु का बर्थ डे है।
पुत्र : लेकिन मेरे तो केवल सोनू चाचा है।
ये चाचा नेहरु कौन है ?
आपने कभी बताया नहीं ?
पिता : ये इंडिया के फर्स्ट प्राइम मिनिस्टर थे।
पुत्र :प्राइम मिनिस्टर क्या चीज होती है ?
पिता : वो जो देश को चलाता है।
पुत्र : तो फिर आप देश क्यों नहीं चलाते ?
पिता : प्राइम मिनिस्टर के पास बहुत ताकत होती है।
पुत्र : क्या स्पाइडरमैन से भी ज्यादा ?
पिता : नहीं स्पाइडरमैन से कम।
पुत्र : तो क्या आपके पास ताकत नहीं है ?
पिता : मेरे पास भी ताकत है, मैं घर चलाता हूँ।
पुत्र : पर आपके पास प्राइम मिनिस्टर वाली ताकत क्यों नहीं है ?
पिता : बेटा तुम बड़े होकर समझ जाओगे।
पुत्र : पर अभी क्यों नहीं समझ सकता ?
पिता : बेटा समय के साथ तुम ये भी समझ जाओगे।
पुत्र : पर मुझे अभी समझना है।
पिता : तो ठीक है, पहले ये कार चला के दिखाओ।
पुत्र : मैं तो अभी छोटा हूँ।
पिता : हाँ बेटा तुम अभी छोटे हो, जब बड़े हो जाओगे तो कार भी चला लोगे और ये भी समझ जाओगे की देश
प्राइम मिनिस्टर ही चलाता है।
पुत्र : अच्छा चाचा नेहरु कहाँ है ?
पिता : क्यों, जानकर क्या करोगे ?
पुत्र : अरे शाम हो गई न।
पिता : हाँ तो उससे क्या ?
पुत्र : चाचा नेहरु के साथ बर्थ डे सेलिब्रेट करना है।
पिता : लेकिन चाचा नेहरु तो मर गए, यानी इस दुनिया में नहीं रहे।
पुत्र : तो फिर उनका बर्थ डे सेलिब्रेट क्यों करते हैं ?
पिता : अच्छा इन्टेलीजेंट तुम की मैं ?
पुत्र : पापा मैं, मैं इन्टेलीजेंट हूँ।
पिता : तो तुम्हीं बताओ, क्यों ?
पुत्र : पापा मुझे पता नहीं।
पिता : बेटा तो मुझे भी पता नहीं।
