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Mahabir Barik

Abstract

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Mahabir Barik

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सर्वशक्तिशाली नारी

सर्वशक्तिशाली नारी

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ज़िन्दगी बेस्वाद सी थी आपके बिना,

ज़िन्दगी बेरंग सी थी आपके बिना,

खुशियां गुम सी थी आपके बिना,

फिर आप आयी बहार आया।

खुशियां बेशुमार आया।

बेरंग सी ज़िन्दगी भी रंगीन हुई,

सादे जीवन में भी स्वाद आया।



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