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Babita Kushwaha

Abstract

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Babita Kushwaha

Abstract

पानी

पानी

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202

प्रकृति की धरोहर है पानी,

जीवन का आधार है पानी,


स्वास्थ्य की कुंजी है पानी,

शरीर मे भी बहता है पानी,


पानी से ही कल था,

पानी से ही आज है,


पानी से ही कल होगा,

मगर पानी नहीं तो कल भी नहीं।


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