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JITURAM SAHU

Inspirational

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JITURAM SAHU

Inspirational

पागलपन

पागलपन

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हार कर जो हारा नहीं,

मानकर जो माना नहीं,

उसे लोग अच्छा नहीं,

पागलपन कहते हैं ।।

खुद से हार गया था

काबिल बनने के लिए

फिर अचानक क्या हुआ

मंजिल को चाहने लगा मैं ।।

दिल से कुछ पाना चाहो तो

दुनिया बड़ी नहीं

छोटी लगता है ।

एक बार करके तो देखो

समझ जाओगे अपने आप में ।।

दुनिया के लोगों बहुत गिर आएंगे तुम्हें

गिरना मत गिर कर उठो

आत्मविश्वास को आगे जगाओ

दुनिया में कुछ बड़ा कर जाओ ।

उससे लोग अच्छा नहीं

पागलपन कहते हैं ।

उससे लोग अच्छा नहीं

पागलपन कहते हैं ..!!



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