Click here for New Arrivals! Titles you should read this August.
Click here for New Arrivals! Titles you should read this August.

Nikita Basera Creations

Abstract


1  

Nikita Basera Creations

Abstract


खामोशी

खामोशी

1 min 204 1 min 204

इश्क करना तो चाहते, पर कर नहीं पाते।

टूटे हुए दिल को जोड़ना तो चाहते, पर जोड़ नहीं पाते।

इस खालीपन को भरना तो चाहते, पर भर नहीं पाते।

अरे कोई तो समझे इस खामोशी को, जो समझे तो वो मिल नहीं पाते।।


Rate this content
Log in

More hindi poem from Nikita Basera Creations

Similar hindi poem from Abstract