hate but love story
hate but love story
कहानी को 1 साल पीछे करते है।
अरविन्द और रूद्र बचपन के friend रहे है। किसी की हिम्मत है की कोई दोनों को हाथ भी लगा सके।
रूद्र जब 3 साल का था तब किसी ने रूद्र के घर में आग लगा दी गई थी जिस वजह से उसकी पूरी family उस आग में जल के राख ही गई।रूद्र की family के नाम पर सिर्फ रूद्र के दादाजी थे। उसके दादाजी की एक बड़ी सी company थी जिसको हथियाने के लिए दुश्मनो ने पुरे घर को आग लगा दी। सिर्फ दादाजी ही बच गए।
अरविन्द की family भी उसी आग में मारी गई। उस वक्त सिर्फ अरविंद ही बच गया था इस वजह से अरविन्द की परवरिश रूद्र के दादाजी ने ही की थी। दोनों की पढ़ाई पूरी करने के लिए दूसरे देश भेज दिया गया
दोनों की दोस्ती ऐसी थी की अगर कोई एक को परेशान करता तो दूसरा परेशान करने वाले की ईट से ईट बजा देता। दोनों एक दूसरे से बिलकुल अलग थे। अरविन्द की कई girlfriends रह चुकी है तो रूद्र को तो जैसे लड़कियों से नफरआत सी है। वही अरविन्द शराब पीता था नशा करता था वही रूद्र तो शराब or नशे से दूर रहता था।

