यादों का अविनाशी हिस्सा अनमोल है
यादों का अविनाशी हिस्सा अनमोल है
वो
लम्हा
संभालो
जो
खुशी
के
है
धन
तो
बक्से
में
पड़ा
रह
जाएगा
वो
अनुभूतियां
संभालो
जिसे
याद
करने
के
बाद
सुकून
देती
है
यह
एक
अमूर्त
लेकिन
अनमोल
पूंजी
है
रोमरोम
संतुष्ट
हो
जाएगा
बाकी
धन
नश्वर
है
लेकिन
सुखद
अनुभूति
अविनाशी
है
क्योंकि
ये
यादों
का
अहम
हिस्सा
है।
