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Sanjaya Ananda Kumar Tripathy

Inspirational

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Sanjaya Ananda Kumar Tripathy

Inspirational

उम्मीद

उम्मीद

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एक फूल खिला नहीं

किताब पढ़ना रह गया

फल में भरा हुआ खेती

अमल नहीं हुआ है ।


एक रास्ता छोड़ दिया है

कुछ मुसाफिर भी

जिनके साथ करना था

कुछ बातें भी ।


उम्मीद है

खिलेगा ये फूल भी

फिर किताब खतम होगा,

नयी मुसाफिरों के साथ

रास्ता भी अलग होगा ।


और ये सफर 

चलता रहेगा

वक्त के साथ ।



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