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Yuvraj Verma

Abstract


3.6  

Yuvraj Verma

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पर्यावरण

पर्यावरण

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पर्यावरण जीवन है,

अब इसे हमे बचाना है।

आओ मिलकर चले,

अब इसी पर जमाना है


पेड़ लगाओ सभी,

स्वछ हवा पाना है।

प्रदूषण मुक्त करेंगे,

अब प्रण यही ठाना है।


पशु पक्षियों को अब,

हमको संरक्षित करना है।

हाथ से हाथ मिला कर,

अब सबको चलना है।


जीवन यही है हमारा,

इसे दूषित नही करना है।

आये कितना भी विपदा,

पर्यावरण स्वछ करना है।


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