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Chinmayee Dash

Abstract

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Chinmayee Dash

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एक ऐसा शख्स

एक ऐसा शख्स

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एक एसा शख्स भेज दे, ऐ खुदा!

जो मुुुझेे कभी खोने से डरता हो,

मैं कुछ न कहूं, चुप चाप बैठी रहूँ

फिर भी मेेरी खामोशी को समझता हो....


दुनिया की दगाबाज़ी बहुत देख ली

यहाँ तो अपने भी पराए बन गए,

बस वो एक शख्स देदे खुदा जो कभी

पराया बनने का भी न सोच पाए....


मैंने देखा है तेरा करिश्मा,अंजानों को भी तू 

एक दूसरे की जान बना देेता हैै,

बस कोई एसा देेेे दे जिसपर मैं भरोसा कर सकूूँ

आखिर तू भी तो सबकी सुुुुनता है़....


दोस्त मिले थे, वह भी मतलबी

पर वह शख्स ऐसा न हो, खुुुदा,

हर सुुख दुख में वह मेरा साथ दे

मरते दम तक न हो वह जुदा....


वह मुुुुुुसीबतों में मेेेरा ढाल बने

शरारतों में साथी हो, 

मिलकर मस्ती मज़ाक और देेेश विदेश घूमें

जिसकेे साथ हर पल यादगार हो!


      


  




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