पापी से नहीं पाप से घृणा करें।
पापी से नहीं पाप से घृणा करें।
वन्य जीवों कि हत्या करना पाप हैं।
वन्य जीवों के शिकारी व्यक्ति पापी हैं।
"जीव दया पालनी रूख लीलो नहीं घावे''
को गुरू जाम्भोजी उपदेश शिरोधार्य करें।
भावार्थ-जीव जन्तुओ पर दया भाव रखें।
हरे वृक्षों को कभी काटे नहीं।
पर्यावरण संरक्षण
संसार के प्रत्येक प्राणी मात्र के लिए जरूरी हैं।
