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शांत बेघर इलाज भटकाव ज़िन्दगी hindikavita बरसते मन स्वार्थ वक्त और हालात के मुताबिक़ ज़िन्दगी के क़िरदार निभाइए | कविता चालाक मुखौटे | मुखौटों का बाज़ार सजा है |...मुखौटे अपनाइए हिन्दीकविता वक़्त नाकामी दिल रंगमंच अभिनय फितरत मुखौटे - रंग -बिरंगे मुखौटे | मनमोहक मुखौटे

Hindi क़िरदार Poems