लिखा था जो तकदीर में वो हो गया था, जिसकी पनाह में जीना था वो ही खो गया था। लिखा था जो तकदीर में वो हो गया था, जिसकी पनाह में जीना था वो ही खो गया था।
मामुली सा दर्द था वो जो वक्त ने हमें दिया था- चोट खाई थी सीने पर, ऐसा क्या गुनाह किया मामुली सा दर्द था वो जो वक्त ने हमें दिया था- चोट खाई थी सीने पर, ऐसा क्या ग...
मैं अधूरा हूँ... तुम होती तो... शायद पूरा होता! मैं अधूरा हूँ... तुम होती तो... शायद पूरा होता!
सागर की लहरों जैसे हमारी कामयाबी की तरंगे वैसे ! सागर की लहरों जैसे हमारी कामयाबी की तरंगे वैसे !
तुम हो सनम बस हूर मेरी तुमसे है मेरी हर खुशी।। तुम हो सनम बस हूर मेरी तुमसे है मेरी हर खुशी।।
अम्मी का मन पहचान लेता, उसके बच्चों के लिए क्या गल्त क्या सही है। अम्मी का मन पहचान लेता, उसके बच्चों के लिए क्या गल्त क्या सही है।