जीवन का संघर्ष
जीवन का संघर्ष
जीवन की खूबसूरत, बारीकियो को समझने के लिए,
थोड़ा जीवन के संघर्ष को समझना ही पढ़ता है।
और वो कैसे,
कुछ ग़म के बादल घिर आए तो,
थोड़ा धैर्य बंधाना पढ़ता है,
कोई चीज़ यूँ आसानी से मिल जाये
तो मनुष्य उसकी कदर ही कहाँ कर ता है !
मेरे आँगन में एक पीले रंग का फूल है,
वो हर ऋतु में ना जाने कैसे खुद को खिलाए रखता है,
गर्मी, सर्दी, तूफान में भी बस खिला रहता है,
उस का धर्य एवम साहस की प्रतिमा सराहनीय है,
जीवन का संकल्प, यही उसका सही अर्थ और मान्यता है।
कल की ही बात है,
रात के घनघोर अंधेरे में,
जब हृद्य सम्भ्रम और हलचल में उथल-पुथल था मेरा,
तब एक जुगनू
ने मुझे साहस दिलाया,
उस अंतिम क्षण में
" ज्वाला जुगनू", बन
किया रोशन
मेरा द्रवित मन को
मेरी हिम्मत को बंधाया, मुझे समझाया।
इसलिए ,
जीवन की खूबसूरत बारीकियो को समझने के लिए,
थोड़ा जीवन के संघर्ष को समझना ही पढ़ता है।
