STORYMIRROR

komal prasad Rathore

Inspirational

4  

komal prasad Rathore

Inspirational

कोरोना

कोरोना

1 min
334

  

तूफ़ान के आसार हैं बाहर कहीं न जायँ।

यह कोरोना काल है जरा न आँख दिखायँ।

..... .....

आप अगर घर पर रहें सब सुरक्षित हो जायँ।

आप ही बाहर रहें तो फिर किसे रोक पायँ।

..... .....

मुँह छुपाये फिर रहे हैं आज खासो-आम।

जो न मानें बात यह उसका काम-तमाम ।

..... .....

संख्या में बस बंध गए सारे रिश्तेदार ।

शादी हो या मैय्यत बस गिनती के हकदार।

..... .....

नियमों का पालन करें इतनी दूरी बनायँ।

रहें सुरक्षित आप भी औरों को भी बचायँ।

..... .....

नाम कोरोना इसका सबको देय रुलाय।

जिसको पकड़े वह भी,आस-पास डर जायँ।

..... .....

कितना भी काढ़ा पियें या इम्युनिटी बढायँ।

काम नही आयेगा अगर कहीं हाथ मिलायँ।

..... .....

दूर से अभिवादन करें निश्चित दूरी बनायँ।

अपने घर पर खुद रहे न किसी को बुलायँ।

..... .....

गली-मोहल्ले बहुत घूमे और देश-विदेश।

कम खर्चे में दिन गुजरे कच्छे का गणवेश।

..... .....

यह तो बड़ा अभिमानी बिन बुलाए न आय।

बिन स्वागत यह किसी के भी घर न जाय।

..... .....

सुनो लो आप सभी 'कोमल' कहे इक बात।

किसी फ्रेम में बंधने से बचे रहो जी आप।

..... .....



Rate this content
Log in

More hindi poem from komal prasad Rathore

Similar hindi poem from Inspirational