STORYMIRROR

Jaiprakash Agrawal

Others

3  

Jaiprakash Agrawal

Others

बसन्त

बसन्त

1 min
184

चली बसन्ती बयार

पुलकित हर तन मन

देख नव सृजन संचार

चली बसन्ती बयार


पीली सरसों फूले

कोयल पीहू बोले

सजनी करे पुकार

चली बसन्ती बयार

   

नूतन कोंपल फूटे

संकोच सब टूटे

स्वागत प्रेम त्यौहार

चली बसन्ती बयार

   

गुलाब के रंग

सजनी के संग

आलिंगन का हार

चली बसन्ती बयार


Rate this content
Log in