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Drdeepshikha Divakar

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5.0  

Drdeepshikha Divakar

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दददू

दददू

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ये एक ऐसा रिश्ता है जो हमें

जीवन मे संबल प्रदान करता है।


दददू का सपना

अब है मेरा अपना

दददू के गुण मुझ में आये

परोपकार का भाव जो लाये

उनकी परछाई है मुझे बनना

उनके बताए मार्ग पर है चलना

ये केवल एक तस्वीर नहीं

मेरे दददू की तपस्या हैं

ये तो एक शुरुआत है

मंजिले बहोत तय करनी है अभी

मिलेगी जीत हमे भी तभी

आपका ऋण तो नहीं चुका पाउंगी 

पर आपके सपने जरूर जीत जाउंगी।

ऐसी शख्सियत दुनिया मे नही कोई

जिसकी आँखे गम में ब नहीं रोयीं।

मुझे संभाला हर परिस्थिति में

उदास न होने दिया किसी भी स्तिथि में

मुझे देकर जीवन मुस्कुरा दिए आप

छोड़ दी मेरे मन मे एक अदभुत छाप।

नाम मे है दिवाकर तो प्रकाश तो दोगे

सबके दिलों में अमर रहोगे।

लव यू दददू। Drkl Diwakar


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