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Sambardhana Dikshit

Others

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Sambardhana Dikshit

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तुम बिन मैं कुछ नहीं हूं मां

तुम बिन मैं कुछ नहीं हूं मां

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तुम मिट्टी हो मैं उसका कण हूं मां

तुम पेड़ हो मैं उसकी पत्तियां हूं मां

तुम बीज हो मैं फल हूं मां

तुम समुद्र हो मैं लहरें हूं मां

तुम शब्द हो मैं टूटे अक्षर हूं मां

तुम जीवन हो मैं जीव हूं मां

तुम वसंत हो मैं हरियाली हूं मां

तुम सूरज हो मैं रोशनी हूं मां

तुम बारिश हो मैं उसकी बूंदें हूं मां

तुम कली हो मैं फूल हूं मां

तुम हो तो मैं हूं मां

तुम बिन मैं कुछ नहीं हूं मां

तुम बिन मैं कुछ नहीं हूं मां....


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