STORYMIRROR

Shayra dr. Zeenat ahsaan

Children Stories Fantasy

4  

Shayra dr. Zeenat ahsaan

Children Stories Fantasy

फरिश्ता

फरिश्ता

1 min
272

 मैं अपनी स्कूटी से बाजार जा रही थी

सामने से एक नेत्रहीन लड़की, लकड़ी पटकते हुए आ रही थी

इससे पहले की वो लड़की किसी ट्रक से टकराये


या बस के नीचे आ जाए

एक लड़के ने दौड़ कर उसे बचाया

हाथ पकड़कर सड़क पार करवाया

जब मैं उसके पास पहुंची तो वो लड़की अकेली थी

लड़का ना जाने कहां खो गया था

आंखों से ओझल हो गया था

सुना है मुसीबत में फरिश्ते इंसान

की शक्ल में मदद करने आते हैं

और हर वो इंसान जो दूसरों की मदद को हाथ बढ़ाएं

वो लोग मुझे फरिश्ते ही नजर आते हैं।


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन