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पगली

पगली

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सौ रस्ते पर

चलकर पगली

अपना मन भटकायेगी

इन राहों पर अनगढ़ बुत हैं

किस किसको अपनायेगी

एक पिया और एक डगर ले

वरना ठोकर खायेगी

अंत समय सब लुट जायेगा

अपना किसे बतायेगी

झल्लायेगी,चिल्लायेगी,पछतायेगी।


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