होली
होली
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रंगों से इस जीवन में प्रीत है
रंगीन मन सबका मनमीत है।
होली का त्यौहार एक रीत है
असत्य पर सत्य की जीत है।
हर दिन नयी लडाई लडते हैं
जरूरतों के लिए तरसते हैं ।
कई आशाएं उभर आती हैं
लाचारिया सामने आती हैं।
लोभ लालच की होली जलाएं
असंतोष की हम होली जलाएं।
ईर्ष्या व द्वेष हम मन से मिटाएं
सभी पर प्यार , स्नेह बरसाए।
क्यों कि
बरसाने मथुरा की होली हो
या हो गरीब के मोहल्ले की।
रंग सब पर समान चढता
जब गुब्बारा भरा हो प्रेम का।
