ए वतन तेरे लिए
ए वतन तेरे लिए
1 min
16
मिट्टी की धूल प्यारी
मैंने माथे पर लगायी
वतन के लिये लड़ना
यह कसम मैंने खाई
माँ की गोद में थे तब
देश के लिए थे सपने
वतन की रक्षा करे जो
हो कोई अपने अपने
जान भी कुर्बान मेरी
तू ही दिल की धड़कन
मैं मर जाऊँ तेरे लिये
ये मेरा होगा बड़प्पन
ए वतन तू मेरा हमेशा
मेरे लिए है अभिमान
तेरे लिये हम अपनी
जान देंगे होंगे कुर्बान
