STORYMIRROR

राही अंजाना

Others

2  

राही अंजाना

Others

अभावों का सिलसिला

अभावों का सिलसिला

1 min
164

दुःख और सुख का कोई गिला नहीं होता

गर मोहब्बत का भाव ही पला नहीं होता


मिल जाता सहज ही सबको मनचाहा तो

बेवजह अभावों का सिलसिला नहीं होता


कोई जगह तो पक्का छूटी होगी तुरपाई से

वरना रिश्ते से रिश्ता कोई सिला नहीं होता


घाव भर पाते नहीं राही हम लिख पाते नहीं

एहसास के धागों का सिरा मिला नहीं होता।


Rate this content
Log in