STORYMIRROR

Gangadhar joshi

Others

3  

Gangadhar joshi

Others

रेघ

रेघ

1 min
394

आढवी रेघ 

उभी रेघ 

कृष्ण जर्द 

निळा मेघ


सौदामिनी

कडकडे

टप टप्

धरी वेग


धरा धरी

गोल फेरी

वर वारा

का आवेग 


जरतारी

आला मेघ

बरसला

रेघ रेघ


आढवी रेघ

उभी रेघ

संचिता चा

सुरू वेग



Rate this content
Log in