STORYMIRROR

Uma Arya

Others

4  

Uma Arya

Others

समन्दर

समन्दर

1 min
529

बड़ी मुश्किल से खुद को सम्भाल रखा है,

दर्द का इक समन्दर,

मैने भी अपने अन्दर पाल रखा है।

ये जो देेख रहे हो मेरे चेहरे पर सुकून

इक तूफान है. जिसेेे थाम रखा है।

मत पूछ बैठना मुझसे खैरियत मेरी

आँखों में आँसुओं का सैलाब रखा है

हम चला रहे है, तो चल रही है, जिन्दगी 

वरना तो इसमें बड़ा बवाल रखा है। 

खुुश रहिये बस यही सोचकर

कुछ उसकी ही रज़ा है. जो इस हाल 

रखा हैै।


Rate this content
Log in