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Rajiv Jiya Kumar

Others

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Rajiv Jiya Kumar

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✌एक राजा है

✌एक राजा है

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एक राजा ही वह

कुछ दुुुुुर्दिन बचपन में झेले

यह नही कहते

यह गुजरा थोङा बन ठन के

पर अभाव भी कुछ थे

जो था उसको जीना

समझ बात जब यह आई

लङी लङाई तान सधा

दिल दिमाग और सीना।।

छोटा राजा रोज बढता चला

जमात संग चलती रही

जमात का बस एक ही सपना

जमात के लिए कुछ 

खास कर देेेगा राजा अपना

बात बढी फिर बढकर राजा ने

वक्त से हिस्सा अपने वक्त का छीना।।

 अब राज राजा का आ हीं गया

मेहनतकश वह चहुंओर छा गया

सारे आलंबित पा गए नवजीवन 

लहराई खुशी,हँसी छाई होठों पर

सीखा दिया राजा ने वक्त का मोल

और अपने सम्मान संग जीना।।

राजा,रानी,राजकुुुमारी सबकी तस्वीर 

राजा मग्न हो पूूूरी लग्न से

संवारने में तल्लीन 

नही दूूूूसरा कोई उस जैैसा धीर

साथ वह दूूर जज्बात सब मलिन

जब बतलाया राजा ने

खुशी तभी जब गम घूँट घूँट कर पीना।।

प्रार्थना अपने ईश से एक दो यही

सब बख्श उसको जो वह चाहे

सब पर उसकी हकदारी।।

      

  


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