STORYMIRROR

नवीन श्रोत्रिय उत्कर्ष

Children Stories Inspirational

4  

नवीन श्रोत्रिय उत्कर्ष

Children Stories Inspirational

चिनचिन

चिनचिन

1 min
294

चिनचिन चिनचिन इक चिड़िया

उसको  पाई  थी  डिबिया


डिबिया  में  था दाना

चिनचिन  गाये  गाना


गाना सुनकर बंदर आया

बंदर    लाया  आलू

आलू में  से  निकला

एक   मोटा   भालू


भालू   था   अकेला

चला  घूमने   मेला

मेले   में   मिठाई

जमकर  उसने   खाई


मीठा   तो   बीमारी

सदा स्वाद   पे भारी


भालू तो बीमार हो गया

मीठे  से बुखार हो गया


चिनचिन ने आवाज़ लगाई

तुरंत दौड़ कर बिल्ली आई

डॉक्टर शेर सिंह बुलाया

भालू का  बुखार नपाया


दी  बुखार  की दवाई

कड़वी   दवा  खिलाई

भालू   ने    बताया

मीठा   सदा  रुलाता


काश समझ  यह जाता

आज दवा  नहीं खाता

चिनचिन  यही  बताती

वह  मीठा  नहीं खाती



Rate this content
Log in