अंधेरी रात
अंधेरी रात
1 min
87
महामारी की वजह से शहर में रहते बेटा बहु गांव में रहने आये और अकेले रहते मनु दादाजी और जमुना दादी के पास सब परिवार इकट्ठा हो गया और रोज नित नये व्यंजन बनते और घर का माहौल खुशनुमा हो गया..
जब कोरोना का जोर कम हो गया तो सभी दादाजी और दादी को गांव में अकेला छोड़कर आ गये..
दादाजी दादी को बोले चार दिन की चांदनी फिर अंधेरी रात
हमें अकेले ही रहना है..।।
